संचालन
रेल परिवहन का परिचय
किसी भी आर्थिक गतिविधि के संचालन और विकास के लिए परिवहन एक महत्वपूर्ण आधारभूत संरचना है। रेलवे का ट्रैफिक विभाग रेलवे संपत्तियों के सर्वोत्तम उपयोग और उनके सुचारू एकीकरण के लिए जिम्मेदार है, ताकि तीव्र और सुरक्षित परिवहन सेवा उपलब्ध कराई जा सके और भारतीय रेल के सामाजिक दायित्वों के अनुरूप राजस्व अर्जित किया जा सके।
संचालन विभाग के कार्य:
रेलवे संचालन में रेलवे चलाने से जुड़ी सभी गतिविधियां शामिल होती हैं। संचालन विभाग विशेष रूप से "परिवहन" नामक सेवा प्रदान करने में अपनी भूमिका निभाता है। इस कार्य में संचालन विभाग रेलवे के सभी विभागों के प्रयासों को एकजुट करता है। व्यापक रूप से कार्य इस प्रकार हैं:
परिवहन सेवा की योजना:
इसमें दीर्घकालिक और अल्पकालिक दोनों प्रकार की योजना शामिल होती है। ट्रेनों के दैनिक संचालन के लिए काफी तैयारी की आवश्यकता होती है। यात्री ट्रेनों की योजना बनाकर हर वर्ष विस्तृत समय सारणी जारी की जाती है। अपेक्षित मांग को पूरा करने के लिए रोलिंग स्टॉक और लोकोमोटिव की व्यवस्था की जाती है। इसी प्रकार माल यातायात के लिए वैगनों की सुविधा उपलब्ध कराई जाती है। विभिन्न मौसमों में विभिन्न वस्तुओं के लिए वैगनों की मांग बदलती रहती है, जिसे पूरा करने के लिए योजना बनाई जाती है। इसमें केवल ट्रेनों की योजना ही नहीं बल्कि उनके निर्माण, प्रारंभ, मार्ग और गंतव्य स्टेशन तक की क्षमता सुनिश्चित करने की तैयारी भी शामिल होती है।
ट्रेनों का संचालन और सतत निगरानी:
ट्रेनों का संचालन करने में आदेश देना, चालक दल की बुकिंग, सुरक्षित परिस्थितियों की निगरानी और यात्रा के दौरान आवश्यक व्यवस्था करना शामिल है। संचालन की दक्षता योजना की गुणवत्ता पर निर्भर करती है। परिवहन स्टाफ चौबीसों घंटे कार्यरत रहता है ताकि ट्रेनें समय पर और सुरक्षित चलें। यात्री ट्रेनें पूर्व निर्धारित समय सारणी पर चलती हैं, जबकि मालगाड़ियां केवल पर्याप्त भार होने पर चलाई जाती हैं।
व्यवसाय विकास:
फील्ड और मुख्यालय स्तर पर बिजनेस डेवलपमेंट यूनिट्स (BDUs) बनाई गई हैं। ये टीमें ग्राहकों को आकर्षक और किफायती लॉजिस्टिक समाधान देकर और नई रेलवे नीतियों की जानकारी देकर नया व्यवसाय लाने का प्रयास करती हैं। अतिरिक्त टर्मिनलों के विकास के लिए ‘गति शक्ति मल्टी मोडल कार्गो टर्मिनल’ (GCT) नीति बनाई गई है और मौजूदा टर्मिनलों के लिए PPP निवेश मॉडल अपनाया गया है।
सुरक्षा:
सुरक्षा किसी भी परिवहन प्रणाली का मुख्य गुण है। उपयोगकर्ता ऐसी प्रणाली पसंद नहीं करता जो उसके जीवन, अंग या संपत्ति के लिए सुरक्षित न हो। इसलिए संचालन विभाग की जिम्मेदारी है कि ट्रेनें सुरक्षित ढंग से चलाई जाएं, जिसके लिए नियमों और प्रक्रियाओं का कड़ाई से पालन आवश्यक है।
अर्थव्यवस्था और दक्षता:
जहां रखरखाव विभाग यह सुनिश्चित करता है कि संपत्तियां संचालन विभाग को सही स्थिति में उपलब्ध हों, वहीं संचालन विभाग का दायित्व है कि उनका अधिकतम उपयोग हो। इस प्रकार संचालन विभाग पूरे तंत्र की उत्पादकता के लिए जिम्मेदार है।